मैरिड कपल्स के लिए ज्वाइंट प्रापर्टी ओनरशिप के 4 फायदे

Last Updated at: Aug 08, 2020
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मैरिड कपल्स के लिए ज्वाइंट प्रापर्टी ओनरशिप के 4 फायदे

एक ज्वाइंट प्रापर्टी रजिस्टर्ड  करना फायदेमंद है बशर्ते आप इसे अपने जीवनसाथी के साथ रजिस्टर्ड कराएं। यहाँ आपको एक मैरिड कपल्स  के रूप में ज्वाइंट असेट्स  के ओनर होने के प्राफ़िट को जानना होगा। इनमें टैक्स प्राफ़िट  स्टांप ड्यूटी और अफोर्डेबिलिटी शामिल हैं।

1. टैक्स बेनीफिट

इनकम टैक्स एक्ट के आर्टिकल 80 C के अंतर्गत प्रत्येक ज्वाइंट ओनर को प्रिंसिपल रिपेयमेंट के लिए 1 ,50,000  रुपये की डिडक्सन की परमिशन है। इसके अलावा, वे हाउस प्रॉपर्टी की आय से होम लोन  के इन्टरेस्ट में डिडक्सन  के लिए भी आवेदन कर सकते हैं , प्रत्येक रु .2,000,00 तक । हालांकि, डिडक्सन इन्टरेस्ट  से अधिक नहीं होनी चाहिए । हालाँकि आर्टिकल 80 C के तहत  टैक्स प्राफ़िट का दावा एक अंडर कंस्ट्रक्शन प्रॉपर्टी के लिए नहीं किया जा सकता|

2. स्टांप ड्यूटी और रिबेट 

पत्नी के साथ  प्रापर्टी का ज्वाइंट  ओनर शीप होने से स्टांप फीस रेट 1% से 2% तक कम हो जाती है । यह सरकार द्वारा ज्वाइंट रूप से या व्यक्तियों के रूप में प्रापर्टी ओनरशिप लेने के लिए वुमेन एमपोवरमेंट के लिए एक इनिशिएटिव है।

प्रॉपर्टी रजिस्ट्रेशन करें

 दिल्ली और राजस्थान में स्टैंप ड्यूटी की रेट महिलाओं के लिए 4% है जबकि पुरुषों के लिए 6% है। हरियाणा रुरल एरिया में यह महिलाओं के लिए 4% है जबकि पुरुषों के लिए 6% है। हरियाणा के सिटी एरिया  में फिर से फ़ीमेल के लिए स्टैंप ड्यूटी 6% है जबकि पुरुषों को 8% का पेमेंट करना पड़ता है। इसी तरह  कई स्टेट्स में मेल की तुलना में फ़ीमेल के लिए स्टाम्प ड्यूटी कम है।

इसके अलावा कई बैंक जैसे कि एसबीआई, आईसीआईसीआई, एचडीएफसी आदि मेल की तुलना में फ़ीमेल को होम लोन की इन्टरेस्ट रेट पर फेयर डिस्काउंट प्रदान करते हैं।  और ज्यादातर लगभग एक प्रतिशत तक बढ़ जाता है। लो इन्टरेस्ट हमेशा कास्ट फ्रेंडली होम लोन रिपेयमेंट का प्रामिस करता है। लो इन्टरेस्ट रेट भी मंथली इनस्टालमेंट कम होगी । भारत में महिलाओं के लिए होम लोन पर कन्सेसन की बेस रेट 0.05% है।

3. अफोर्डेबिलिटी 

इस फ़ैक्ट का कोई खंडन नहीं है कि रिसेंट डे में प्रापर्टी की कीमतें बढ़ी हैं।  इन दिनों ज्यादातर कपल्स  ज्वाइंटली  होम लोन के लिए आवेदन करते हैं। क्योंकि ज्वाइंटली हाई इन्कम आम तौर पर हाई लोन  अप्रूवल एमाउंट का प्रामिस करती है। यह लोन रिपेयमेंट के बर्डन को कम करने के सुविधाजनक तरीकों में से एक है।  इसके द्वारा डेप्ट रिपेय का प्रेशर किसी एक व्यक्ति पर नहीं बल्कि दो लोगों मीन्स पति और पत्नी पर होता है। प्रापर्टी का ज्वाइंट रजिस्ट्रेशन प्राफ़िट देता है।

4. सक्सेशन 

सोल प्रोपराइटरशिप के मामले में प्रापर्टी का ट्रांसफर  इंडिया में मेन कन्फ़्लिक्ट में से एक है जब प्रापर्टी ओनर की डेथ हो जाती है। चूंकि यह सोल प्रोपराइटरशिप है  इसलिए प्रापर्टी ट्रांसफर प्रासेस अब बहुत लंबी और समय लेने वाली हो गई है  सकसेसर के नाम पर डाक्यूमेंट प्राप्त करने की प्रक्रिया में रूल्स एंड रिगुलेशन की एक्सेसिव कन्फ़र्मेशन इंकलुड़ है।

क्या आप भी नया घर खरीदने के लिए उत्सुक हैं ? फिर आपको इन सभी फायदे के लिए अपने पति या पत्नी के साथ ज्वाइंट ओनरशिप वाली प्रापर्टी के लिए जाना चाहिए|